बेशक घटना कोतवाली परिसर के मुंशियाने में हुई। मगर जिस समय ये घटना हुई, उस समय कमरे में जख्मी महिला के अलावा चार लोग मौजूद थे। जिनमें दो पुलिसकर्मी, एक जख्मी महिला का बेटा व चौथा एक आम व्यक्ति है। पुलिस हिरासत में मौजूद ऊपरकोट का ही सुभान नाम का युवक बैठा था। जो किसी प्रेम प्रसंग के मामले में खुद का हाथ काटने व हंगामा करने के आरोप में रात एक बजे पुलिस द्वारा उठाकर लाया गया था। उसने चश्मदीद के रूप में गवाही दी।