लुधियाना के किचलू नगर के रिहायशी इलाके में वीरवार सुबह मुख्य सड़क का एक हिस्सा अचानक बीस फीट गहरे और तीस फीट चौड़े गड्ढे में बदल गया। इसे दोबारा बनाने का काम शुरू हो गया है। इसमें कम से कम 15 दिन लगेंगे। स्मार्ट सिटी लुधियाना की यह सड़क कुछ समय पहले ही बनी थी। जिस कोठी के सामने जमीन धंसी है निगम कर्मी उसकी नींव को आरसीसी की बीम और कॉलम से मजबूत कर रहे हैं। खतरे को देखते हुए मकान में मौजूद सभी सदस्यों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। सड़क के नीचे से गुजर रही सीवर की मुख्य लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई है। इससे तेज गति से पानी बह रहा है जिससे गड्ढे के और चौड़े होने का जोखिम बढ़ गया है। पीड़ित घर मालिक कमल सिंघानिया ने बताया कि सुबह उनकी ट्रैक्टर-ट्रॉली का पहिया धंसती सड़क में फंस गया था। चालक ने सूझबूझ से वाहन निकाला पर कुछ ही पलों बाद सड़क भरभराकर धंस गई। कमल सिंघानिया ने कहा कि नगर में आए दिन होने वाली खोदाई ही ऐसी घटनाओं की वजह है। सिंघानिया ने अंडरग्राउंड केबल और यूटिलिटी लाइनें बिछाने वाली निजी कंपनियों की मनमानी पर सवाल उठाया। उनकी लापरवाही का हर्जाना आम नागरिकों को चुकाना पड़ रहा है। प्रशासन की कार्रवाई और अपील नगर निगम के जोनल आयुक्त जसदेव सिंह सेखों ने प्रभावित स्थल को सील किया। उन्होंने घर को बचाना पहली प्राथमिकता बताया। सेखों ने अंदेशा जताया कि पाइपलाइन या तार बिछाने के बाद लचर भराई से यह हादसा हुआ। मामले की तहकीकात के लिए उच्च अधिकारियों का पैनल बनाया जा रहा है और दोषी एजेंसियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई होगी। अधिकारियों ने जनता से वैकल्पिक रास्तों का चुनाव करने की अपील की है, क्योंकि मरम्मत और सड़क निर्माण में कम से कम 10 दिन लगेंगे। - फोटो