पंजाब में शांति भंग करने के लिए गैंगस्टरों और आतंकियों के गठजोड़ से लोकल मॉड्यूल खड़ा करने की साजिश तेज हो गई है। खुफिया एजेंसियों के इनपुट के मुताबिक देश विरोधी ताकतें स्थानीय गैंगस्टरों और उनके गुर्गों को मोहरा बनाकर विधानसभा चुनाव से पहले माहौल खराब करने की कोशिश कर रही हैं। इस नेटवर्क को विदेशों में बैठे करीब 60 गैंगस्टर संचालित कर रहे हैं, जिन्होंने पंजाब में लगभग 1200 गुर्गे जोड़ रखे हैं। इसके अलावा करीब 600 परिवार इन गुर्गों को प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से मदद पहुंचा रहे हैं। इनपुट के अनुसार विदेशी हैंडलर स्थानीय गैंगस्टरों के जरिये आतंक का लोकल मॉड्यूल तैयार कर रहे हैं। यही पैटर्न 10 नवंबर को दिल्ली में हुए आतंकी हमले में भी देखने को मिला था, जहां पाकिस्तानी हैंडलरों ने महीनों तक स्थानीय नेटवर्क तैयार करने के बाद ब्लास्ट को अंजाम दिया। इसी तरह का मॉडल पंजाब में लागू करने की कोशिश की जा रही है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि आतंकी हैंडलर नशे के आदी और बेरोजगार युवाओं को सॉफ्ट टारगेट बना रहे हैं। पहले उन्हें पैसों और नशे का लालच देकर गैंगस्टरों से जोड़ा जाता है, फिर सीमा पार से आए हथियार, विस्फोटक और हैंड ग्रेनेड देकर आतंकी वारदातों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। पंजाब में सख्ती बढ़ने के बाद इन गुर्गों के जरिये हरियाणा में घटनाएं करवाई जा रही हैं। अंबाला के बलदेव नगर थाने में खड़ी कार में ब्लास्ट और 17 स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी इसी कड़ी का हिस्सा मानी जा रही है। पंजाब पुलिस का दावा है कि इस पूरे नेटवर्क पर कड़ी नजर रखी जा रही है और समय रहते साजिश को नाकाम किया जाएगा।