सेक्टर 11 स्थित पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कॉलेज फॉर गर्ल्स की छात्राएं पर्यावरण संरक्षण की दिशा में प्रेरक भूमिका निभा रही हैं। कॉलेज के जूलॉजी विभाग द्वारा वर्ष 2023 से संचालित वर्मीकल्चर एवं वर्मीकम्पोस्टिंग प्रोजेक्ट के तहत छात्राएं जैविक कचरे से उच्च गुणवत्ता की जैविक खाद तैयार कर रही हैं। इस पहल से न केवल कॉलेज परिसर की फुलवारी लहलहा रही है, बल्कि अब शिक्षकों और कर्मचारियों के घरों की बगियाओं को भी इसी खाद से सजाया जा रहा है। जूलॉजी विभाग की प्रोफेसर रवनीत कौर ने बताया कि वर्मीकम्पोस्टिंग का उद्देश्य केवल खाद बनाना नहीं है, बल्कि छात्राओं में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी और वैज्ञानिक सोच विकसित करना भी है। उन्होंने कहा कि लैब से निकलने वाला जैविक कचरा—पत्तियां, घास और सब्जियों के अवशेष—पहले समस्या था, लेकिन आज वही कचरा उपयोगी संसाधन बन चुका है। छात्राएं इसे सीखने के साथ-साथ भविष्य में रोजगार और उद्यमिता से भी जोड़ पा रही हैं। इस परियोजना का लाभ दोहरा हो रहा है। एक ओर कॉलेज का बायोडिग्रेडेबल वेस्ट पूरी तरह प्रबंधित हो रहा है, वहीं दूसरी ओर छात्राओं को पर्यावरणीय स्थिरता और उद्यमिता का व्यावहारिक ज्ञान मिल रहा है।