अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ, तहसील पांवटा साहिब इकाई ने सोमवार को विभिन्न स्थानीय समस्याओं और कर्मचारी हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर एसडीएम पांवटा साहिब को नौ सूत्रीय मांगपत्र सौंपा। महासंघ ने मिनी सचिवालय भवन और हाउसिंग बोर्ड के सरकारी आवासों की मरम्मत, कर्मचारियों के लंबित एरियर के भुगतान और अवैध खनन पर कार्रवाई सहित कई मांगें उठाईं। महासंघ ने मांग की कि मिनी सचिवालय भवन की मरम्मत और रखरखाव के लिए आवश्यक बजट स्वीकृत किया जाए तथा संबंधित विभाग से विस्तृत परियोजना तैयार करवाई जाए। साथ ही हाउसिंग बोर्ड के सरकारी क्वार्टरों का नवीनीकरण कराया जाए। यदि मरम्मत संभव न हो तो कर्मचारियों के लिए नए आवास बनाए जाएं। ज्ञापन में रात के समय बिना नंबर प्लेट, बिना वैध दस्तावेजों और अवैध रूप से रेत-बजरी का परिवहन करने वाले ट्रकों, डंपरों और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई की मांग भी की गई। महासंघ ने राज्य सरकार के कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग के लंबित एरियर और महंगाई भत्ते (डीए) के बकाया का शीघ्र भुगतान करने की मांग उठाई। साथ ही केंद्र सरकार द्वारा लागू किए जाने के बाद हिमाचल में आठवें वेतन आयोग को बिना देरी लागू करने का मामला राज्य सरकार के समक्ष रखने की मांग की। इसके अलावा पांवटा साहिब में हरित पट्टियों के विकास, मिनी सचिवालय में कर्मचारियों के लिए सुरक्षित पार्किंग, वाहन चोरी रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे और नियमित पुलिस गश्त की व्यवस्था करने की मांग भी रखी गई। शहर के बांगरण, विश्वकर्मा चौक और बद्रीपुर क्षेत्र में सार्वजनिक शौचालय और रैन शेल्टर बनाने की मांग भी ज्ञापन में शामिल है। इस दौरान जिला अध्यक्ष रामचंद्र, उपप्रधान सुनील तोमर, पांवटा इकाई के प्रधान गुरबचन सिंह, महासचिव तरुण परमार सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।