जनजातीय जिला किन्नौर में मौसम के बिगड़े मिजाज के बाद दुश्वारियां बढ़ गई हैं। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद जिले के ऊंचे इलाकों में वीरवार सुबह से ही हिमपात का दौर जारी रहा। वहीं, निचले क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश होती रही। ताजा हिमपात और बारिश होने से जिले में तापमान लुढ़क गया है, जिससे समूचे जिले में ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। वहीं हिमपात होने से पथ परिवहन निगम की तीन बसें भी फंसी हुई हैं। कल्पा, समदु और काजा में निगम की बस फंस गई है। इसके अलावा कई ग्रामीण रूटों पर निगम की बसों की आवाजाही भी नहीं हो पाई है। सड़कों पर फिसलन के चलते निगम प्रबंधन ने बसों को नहीं भेजा। हालांकि रिकांगपिओ से पूह तक निगम की बसों की आवाजाही हुई। इसके अलावा रिकांगपिओ से रामपुर की ओर भी बसों की आवाजाही भी बराबर रही। वीरवार को किन्नौर जिले के कल्पा, सांगला, छितकुल, कुन्नोचारंग, हांगो, लिप्पा आसरंग और भावावैली में करीब दो से चार इंच ताजा हिमपात हुआ। वहीं निचले क्षेत्रों में दिनभर रुक रुक कर बारिश होती रही। जिले के प्रमख पर्यटन स्थल कल्पा का अधिकतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम माइनस दो डिग्री, वहीं सांगला का अधिकतम तापमान 2.5 और न्यूनतम माइनस 1.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान लुढक़ने से समूचा क्षेत्र शीतलहर की चपेट में आ गया है। उधर, सीमा सड़क संगठन पोवारी के ओसी प्रदीप सिंह, एक्सईएन कल्पा डीके सैन और एक्सईएन भावानगर आनंद कुमार शर्मा ने कहा कि तीनों खंडों में 24 मशीनें सहित करीब 300 मजूदर तैनात किए गए हैं। बर्फबारी बंद होते ही सडक़ों से बर्फ हटाने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।