अष्टमी पर अवाहदेवी माता मंदिर में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। अष्टमी के दिन श्रद्धालु माता के चरणों में नतमस्तक हुए। परंपरागत कन्या पूजन कर धार्मिक आस्था व्यक्त की। इस अवसर पर भक्तों ने कन्याओं को भोजन कराकर आशीर्वाद प्राप्त किया। मंदिर प्रबंधन कमेटी के अनुसार नवमी के दिन दोपहर एक बजे पूर्णाहुति की जाएगी। दशहरे के दिन सुबह 10:00 बजे सिंदूर प्रथा का आयोजन होगा। इसके बाद सुबह 11:00 बजे मंदिर परिसर से लघु हरिद्वार कांडापतन के लिए मूर्ति विसर्जन यात्रा निकलेगी। मंदिर कमेटी के अध्यक्ष रमेश चंद गुलेरिया ने क्षेत्र की जनता से अपील की है कि वे बड़ी संख्या में पहुंचकर धार्मिक आयोजनों में सहभागी बनें और माता की कृपा का लाभ प्राप्त करें।