मेयर कोमल सैनी ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है। ऐसे में पत्रकारिता की जिम्मेदारियां भी बढ़ी हैं। सकारात्मक पत्रकारिता समाज और राष्ट्र की प्रगति में अहम भूमिका निभाती हैं। उन्होंने ये बात विश्व संवाद केंद्र हरियाणा द्वारा आदि पत्रकार देवर्षि नारद जयंती के उपलक्ष्य में पत्रकार संगोष्ठी में बतौर मुख्यातिथि कही। पत्रकार संगोष्ठी का आयोजन कॉलेज के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के सहयोग से किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उद्योगपति नरेंद्र चौहान ने की। विशिष्ट अतिथि उपनिदेशक अभियोजन राजेश चौधरी, मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सह प्रांत प्रचार प्रमुख विक्रांतरहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप-प्रज्ज्वलन व राष्ट्रगीत वंदे मातरम् के साथ किया गया। मेयर कोमल सैनी ने कहा कि समाज सर्वोपरि है और सदैव अपनेपन की भावना को रखते हुए पत्रकारिता करनी चाहिए। नकारात्मक पत्रकारिता समाज पर गलत प्रभाव छोड़ती है। ऐसे में इससे बचना चाहिए। पत्रकारिता में सच्चाई और ईमानदारी के साथ आगे बढ़ते हुए राष्ट्र निर्माण में सहयोग करना चाहिए। विशिष्ठ अतिथि राजेश चौधरी ने कहा कि पत्रकारिता एक निर्भिक जीवनशैली है। इसकी निर्भीकता से समाज ऊपर उठेगा और अभय बनेगा। पत्रकार समाज का भटकाव से बचाता है। सभी को कर्तव्यनिष्ठ बनाने में पत्रकारिता का बड़ा योगदान होता है। पत्रकारों के लिए भी कानून की जानकारी अनिवार्य है। मुख्य वक्ता विक्रांत ने कहा कि देवर्षि नारद की पत्रकारिता सर्वश्रेष्ठ थी। नारद ने अपने श्राप को तीनों लोकों में समाज कल्याण के रूप में प्रयोग किया और समाज कल्याण में सक्रिय भूमिका निभाई। कालांतर में एक वर्ग के लोगों ने देवर्षि नारद की छवि को धूमिल करने का प्रयास किया, लेकिन उनके लोक कल्याण कार्यों को भुलाया नहीं जा सकता। आर्य कॉलेज के जनसंचार विभागाध्यक्ष डाॅ. दिनेश गाहल्याण आदि ने वर्तमान परिवेश में पत्रकारिता के समक्ष अपनी चुनौतियों पर अपने विचार व्यक्त किए। सहायक जनसंपर्क अधिकारी दीपक शर्मा ने कहा कि अतिउत्साह पत्रकारिता के लिए घातक साबित हो रही है। सभी तथ्यों को बारीकी से जांच कर ही पाठकों को परोसा जाना चाहिए। इस मौके पर आर्य कॉलेज मैनेजमेंट से पीयूष आर्य व बलकार, जिला बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष एडवोकेट केदार दत्त, डीआईपीआरओ डॉ. सुनील बस्ताड़ा और एपीआरओ दीपक पाराशर मौजूद रहे।