भाजपा के बड़े नेताओं में खींचतान के चलते जिला परिषद की अध्यक्ष के लिए नाम ऐन वक्त तक तय नहीं कर पाई। ऐसे में बुधवार को करीब छह महीने बाद कराया जाने वाला अध्यक्ष का चुनाव स्थगित कर दिया गया। चुनाव स्थगित करने का कारण अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. पंकज की तबीयत बिगड़ना बताया है। पार्षदों को चुनाव बैठक से करीब ढाई घंटे पहले इसकी जानकारी वाहट्सएप मैसेज और फोन कर दी गई। ऐसे में जिप अध्यक्ष के लिए चुनावी समीकरण धरे रह गए। काजल देशवाल की 27 जून 2025 को जिला परिषद सदस्यता रद्द कर दी थी। इसके साथ उनको अध्यक्ष पद से भी हटा दिया था। जिला परिषद की अध्यक्ष का पद रिक्त था। राज्य चुनाव आयोग ने 28 जनवरी को चुनाव कराने के निर्देश दिए थे। प्रशासन ने इसका शेड्यूल जारी कर दिया था। भाजपा समेत निर्दलीय पिछले दस दिन से जिप अध्यक्ष के चुनाव की तैयारी में लगे हुए थे। भाजपा में पूर्व अध्यक्ष ज्योति शर्मा और सुदेश रानी के नाम आगे चल रहे थे। इनके बीच वार्ड-3 से निर्दलीय अनु दहिया मलिक जिप अध्यक्ष के लिए भाजपा के ही पार्षदों के साथ संपर्क में थी। वे भाजपा के ही चार पार्षदों को अपने साथ लेकर चल रही थी। ऐसे में भाजपा को भितरघात का डर सता रहा था।