हिसार में पूर्व उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला और पुलिसकर्मी प्रकरण में करनाल के विधायक ने उन्हें नसीहत दी। पत्रकारों से बातचीत में विधायक जगमोहन आनंद ने कहा कि दुष्यंत चौटाला को पहले यह समझना चाहिए कि हम आम नागरिक हैं। अगर वे पूर्व में उप मुख्यमंत्री भी रहे हैं तो उनको कानून तोड़ने की इजाजत किसी ने नहीं दी थी। यह प्रकरण और यूनिवर्सिटी में जाकर हू-हल्ला करने की उनको किसने इजाजत दी।] उन्होंने कहा कि अगर किसी पुलिसकर्मी ने उनसे गलत व्यवहार या बात की है तो इसके लिए धमकी वाले लहजे में और सीएम की एनिमेटेड फोटो बनाकर मुख्यमंत्री नायब सैनी का मजाक उड़ाना उन्हें शोभा नहीं देता। अभी उन्हें समझना चाहिए कि वे न तो विधायक हैं और न ही उप मुख्यमंत्री। प्रदेश में कानून का राज है, उसी हिसाब से ही प्रदेश चलता है। हम पहले एक आम नागरिक हैं और बाद में विधायक हैं और उसी तरह से वीआईपी कल्चर के हिसाब से चलते हैं।