अग्रसेन भवन में चल रही भक्तमाल कथा में रासलीला के दूसरे दिन मयूर नृत्य की झांकी दिखाई गई। श्रीधाम वृंदावन से आए श्रीनिकुंज बिहारी रासलीला मंडल ने गोमय श्रृंगार लीला का मंचन किया गया जिसका निर्देशन कुंजबिहारी शर्मा (भैय्या) ने किया। लीला के दौरान राधा-कृष्ण और सखियों का मंच पर आगमन एवं सामूहिक नृत्य चलो-चलो वृंदावन में... गायन करते हुए कलाकारों ने अनूठी छाप छोड़ी। लीला में यमुना की महिमा, नंद बाबा द्वारा यमुना स्नान एवं बलराम व श्रीकृष्ण की ओर से वस्त्रों की चोरी एवं मधुमंगल करके नंद बाबा को चोरों के विषय में बताने के साथ ही श्रीकृष्ण के मुंह से गाय की महिमा बताना एवं गाय के गोबर से श्रृंगार करना, शंकर, नारद, ब्रह्मा की ओर से श्रीकृष्ण की स्तुति करना दिखाया गया। श्रीकृष्ण की भूमिका अनुज शर्मा और राधा की भूमिका लोकेश शर्मा ने निभाई। अन्य पात्रों में राजेंद्र शर्मा ने मधुमंगल, भरतलाल शर्मा ने नंद बाबा, महेश शर्मा ने यशोदा और पुंडरीक, छैल बिहारी, कमलेश, मोनू, रिंकू ने सखियों की भूमिका निभाई।