गांव डोभी स्थित कन्या गुरुकुल में शनिवार को 15वें वार्षिक महोत्सव एवं रानी लक्ष्मीबाई ब्लॉक के उद्घाटन कार्यक्रम में संबोधित करते हुए मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि गुरुकुल शिक्षा पद्धति भारतीय संस्कृति की मजबूत धरोहर है। गुरुकुल ने सदैव समाज को संस्कारित, अनुशासित और राष्ट्रहित में समर्पित पीढ़ी प्रदान की है। भारत को विश्व गुरु बनाने के लिए हमें शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य करने की आवश्यकता है, जिसमें गुरुकुल परंपरा अहम भूमिका निभायेगी। भारत की गुरुकुल प्रणाली शिक्षा और संस्कृति का एक अनूठा संगम रहा हैं, जिसके कारण विश्व में भारत की एक अलग पहचान है। गुरुकुल परंपरा से ही संस्कार, संस्कृति, शिष्टाचार, सामाजिक जागरूकता, मौलिक व्यक्तित्व, बौद्धिक विकास जैसे अमूल्य गुणों को अपनी आने वाली पीढय़िों को विरासत में दे सकते हैं। पीडब्ल्यूडी मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व सुधार और सशक्तिकरण की दिशा में कार्य कर रही है। स्कूलों में आधुनिक संसाधनों का विस्तार, छात्राओं की सुरक्षा के लिए तकनीकी सुविधाओं का समावेश, उच्च शिक्षण संस्थानों में अवसरों का बढऩा तथा बेटियों को हर स्तर पर प्रोत्साहन देना, ये सभी प्रयास सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में बेटियां हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और सरकार का उद्देश्य उन्हें वह हर सुविधा उपलब्ध कराना है, जिससे वे आत्मनिर्भर, शिक्षित और आत्मविश्वासी नागरिक बन सकें। उन्होंने गुरुकुल द्वारा संस्कारयुक्त शिक्षा प्रदान करने के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे संस्थान समाज के लिए प्रेरणा स्रोत हैं।