पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार ज्योति मल्होत्रा के पिता रक्षाबंधन के दिन अपनी बेटी से मिलने जेल पहुंचे। अपने पिता से मिलकर ज्योति रो पड़ी। ज्योति को गले लगाकर पिता भी भावुक हो गए। ज्योति का कोई सगा भाई- बहन नहीं है। ऐसे में ज्योति के पिता ही हर साल अपनी बेटी से राखी बंधवाते हैं। इस बार वह हिसार सेंट्रले जेल 2 में है तो पिता उससे मिलने के लिए जेल पहुंचे थे। अग्रसेन कालोनी निवासी यूटयूबर ज्योति मल्होत्रा को सिविल लाइन थाना पुलिस ने 17 मई को गिरफ्तार किया था। ज्योत को न्यायिक हिरासत में रखा गया है। शनिवार को सेंट्रल जेल 2 में अपनी बेटी से मिलकर लौटे ज्योति मल्होत्रा के पिता हरीश मल्होत्रा ने कहा कि त्योहार के दिन बेटी को अकेलापन महसूस न हो इसलिए उससे मिलने गए था। आज सभी लोगों को मिलने की छूट थी। मैंने ज्योति से राखी बंधवाई। उसे मिठाई खिलाकर आशीर्वाद दिया। राखी बांधने के बाद ज्योति रो पड़ी।मैंने उसे गला लगाते हुए कहा कि बेटी तुम जल्दी बाहर आओगी। बाहर आने पर ज्यादा मिठाई भी खिलाऊंगा , नई ड्रेस भी दिलाऊंगा। पुलिस को जल्द ही चालान पेश करना होगा। हरीश मल्होत्रा ने ज्योति से पूछा कि अंदर किसी तरह की दिक्कत तो नहीं। आपके लिए खाने या कपड़े की जरूरत हो तो बताओ। ज्योति ने मना कर दिया। ज्योति ने पिता से कहा कि 90 दिन में पुलिस को चालान पेश करना ही होगा। अगर 15 अगस्त तक पुलिस ने चालान पेश नहीं किया तो हम अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। हरीश मल्होत्रा ने बताया कि मैने ज्योति को बताया कि राष्ट्रपति को भी इस बारे में पत्र लिखा है। जिसमें न्याय की गुहार लगाई है।