फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भिवानी में डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से टीआईटी में स्थापित हुआ कलरेंट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस

वस्त्र विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (टीआईटी) भिवानी में जिम्मेदार वस्त्र रंगाई विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। वस्त्र उद्योग में सतत विकास, पर्यावरणीय उत्तरदायित्व, नवीन तकनीकों तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बढ़ते प्रभाव पर केंद्रित कार्यशाला में देशभर के उद्योग विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं एवं विद्यार्थियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कलरेंट लिमिटेड के संस्थापक एवं प्रबंध निदेशक सुभाष भार्गव तथा विशिष्ट अतिथि वर्धमान टेक्सटाइल्स के कार्यकारी उपाध्यक्ष एसके ओझा द्वारा किया गया। संस्थान के निदेशक ने कहा कि सतत वस्त्र प्रसंस्करण, जल संरक्षण, ऊर्जा दक्षता तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित समाधान भविष्य के वस्त्र उद्योग की दिशा तय करेंगे। उन्होंने उद्योग-अकादमिक सहयोग को समय की आवश्यकता बताया। विशिष्ट अतिथि एसके ओझा ने वस्त्र उद्योग की व्यावहारिक चुनौतियों, गुणवत्ता, उत्पादकता, लागत नियंत्रण तथा पर्यावरणीय अनुपालन के महत्व पर प्रकाश डाला। मुख्य अतिथि सुभाष भार्गव ने पर्यावरण-अनुकूल तकनीकों, अनुसंधान एवं कौशल विकास को उद्योग की प्रगति का आधार बताते हुए विद्यार्थियों को नवाचार और तकनीकी उत्कृष्टता की ओर अग्रसर होने का संदेश दिया। इस अवसर पर संस्थान परिसर में कलरेंट सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का उद्घाटन भी किया गया। यह अत्याधुनिक केंद्र कलरेंट लिमिटेड के सहयोग तथा सुभाष भार्गव द्वारा प्रदान किए गए डेढ़ करोड़ रुपये के अनुदान से स्थापित किया गया है। केंद्र के माध्यम से वस्त्र रंगाई, प्रसंस्करण, रसायन विज्ञान, सतत प्रौद्योगिकी तथा उद्योगों मुखी अनुसंधान के क्षेत्र में आधुनिक प्रशिक्षण एवं अनुसंधान सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसे उद्योग-अकादमिक सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों ने विशेषज्ञों के साथ संवाद कर उद्योग एवं अनुसंधान से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें