फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अमर उजाला मार्केट संवाद: प्राधिकरण की लापरवाही से उजड़ने लगा गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स, देखें क्या बोले लोग

अनुज कुमार Updated Thu, 05 Jun 2025 08:55 PM IST

नोएडा। नोएडा के सेक्टर-29 में स्थित गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स कभी अपनी खूबसूरती और व्यावसायिक चहल-पहल के लिए जाना जाता था। देश की प्रमुख पर्वत चोटियों और पवित्र नदियों के नाम पर स्थापित इस बाजार की स्थिति आज बदहाल है। प्राधिकरण की उदासीनता के चलते यह कांप्लेक्स शहर के लिए बदनुमा दाग बन गया है। ये बातें गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स के व्यापारियों ने अमर उजाला मार्केट संवाद के माध्यम से इसकी जर्जर स्थिति की कहानी बयां किया है। दरअसल, साल 1995 में प्राधिकरण ने चार ब्लॉक और तीन मंजिली गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स की शुरूआत की थी, जिसमें करीब 500 से अधिक दुकानें हैं। मौजूदा समय में इनमें से 50 प्रतिशत से अधिक दुकानें खाली पड़ी हैं। करीब 70 प्रतिशत हिस्सा रखरखाव के अभाव में जर्जर हो चुका है। हल्की हवाओं में खिड़कियां और प्लास्टर गिरने की घटनाएं आम हैं, जिसके चलते कई बार दुकानदार और ग्राहक चोटिल हो चुके हैं। ब्लॉक चार में लगी लिफ्ट आज तक चालू नहीं हुई, जिसके कारण दूसरी और तीसरी मंजिल पर पहुंचना, खासकर बुजुर्ग खरीदारों और व्यापारियों के लिए बेहद मुश्किल है। कांप्लेक्स की सीवर लाइन पूरी तरह बंद है। शिकायतों के बाद भी प्राधिकरण ने इसे ठीक करने के बजाय सीवर को खुले नाले में डाल दिया, जिससे पूरे दिन बदबू फैलती रहती है। स्वच्छता और बुनियादी सुविधाओं का अभाव भी गंभीर समस्या है। यहां व्यापारियों और खरीदारों के लिए उचित शौचालय तक उपलब्ध नहीं हैं। इस वजह से व्यापारी लगातार बाजार छोड़कर जा रहे हैं, और कांप्लेक्स की रौनक गायब होती जा रही है। अंदर शराब की नई दुकान खुलने से शाम ढलते ही स्थिति और बिगड़ जाती है। असामाजिक तत्वों का जमावड़ा शुरू हो जाता है, और शराबखोरी का सिलसिला चल पड़ता है। इससे चोरी और अन्य अपराधों का खतरा बढ़ गया है। दुकानदारों का कहना है कि प्राधिकरण की अनदेखी ने इस बाजार को बदहाली के कगार पर ला खड़ा किया है। शुरूआती दिनों में गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स खरीदारी के लिए लोगों की पहली पसंद थी। लेकिन अब बदबू, गंदगी और असुरक्षा के कारण ग्राहक आने से कतराते हैं।-राजीव गुलाटी, व्यापारी। - लिफ्ट न चलने और शौचालय की कमी के कारण बुजुर्ग ग्राहक ऊपरी मंजिलों तक नहीं आ पाते। जिस कारण भूतल पर ही बनी कुछ दुकानों से बाजार में चहल-पहल रहती हैं, बाकी कांप्लेक्स पूरा खाली है।-सुधीर गर्ग, व्यापारी।- बाजार की मरम्मत, सीवर लाइन की सफाई, शौचालय और सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए। यदि जल्द ही सुधार नहीं हुआ, तो यह ऐतिहासिक बाजार पूरी तरह उजड़ जाएगा, जिसका जिम्मेवार प्राधिकरण होगा।- डीएस बिष्ट, व्यापारी।- मार्केट में खुली नाली में सीवर का पानी बहाया जा रहा है। जिसकी बदबू से कांप्लेक्स में आना-जाना दूभर हो रहा है।-रमेश रौतेला, व्यापारी।- कांप्लेक्स के मार्केट के जीर्णोद्धार के साथ सीवर व शौचालय की स्थिति को भी बेहतर बनाने की जरूरत है। -संजय माथुर, व्यापारी।- कभी बिरला और आई कंपनियों के लिए गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स को जाना जाता था, गंदगी और अव्यवस्था के कारण आज यहां के व्यापारी एक-एक ग्राहक के लिए मोहताज हैं। - सौरभ शर्मा, व्यापारी।

Latest

विज्ञापन

Recommended

विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें