आगामी नवरात्र और दशहरा महोत्सव को लेकर अमर उजाला कार्यालय में शनिवार को शहर की प्रमुख रामलीला समितियों के साथ संवाद आयोजित किया गया। इस दौरान सभी समितियों ने अपने-अपने कार्यक्रमों और आकर्षणों की जानकारी दी। सभी समितियों का उद्देश्य एक ही रहा रामायण की शिक्षाओं और सनातन संस्कृति को नए अंदाज में अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना। इस दौरान जिलेभर की करीब 10 रामलीला कमेटियां शामिल हुईं। इस दौरान राम-लखन रामलीला समिति, बजरंग रामलीला समिति, श्रीराम मित्र मंडल समिति समेत अन्य कमेटियां शामिल रहीं। जहां उन्होंने अपने अपने रामलीला महोत्सव के दौरान होने वाले नए आयोजनों से लेकर अपनी समस्याओं को लेकर अपनी बात रखी। इसके अलावा अधिकतर रामलीला महोत्सव के समापन के दूसरे दिन ही डांडिया महोत्सव का भी आयोजन किया जाएगा। राम मित्र मंंडल रामलीला समिति के महासचिव डा मुन्ना कुमार शर्मा ने कहा कि शिवा लोक कल्याण समिति के 55 से अधिक कलाकार रामलीला के मंचन के लिए बुलाए गए हैं। 26 सितंबर को हनुमान मंदिर से शोभायात्रा निकाली जाएगी जो शहर के विभिन्न जगहों से होकर रामलीला मैदान में पहुंचेगी। सेक्टर 12 में होने वाली बजरंग रामलीला कमेटी के सह निर्देशक शांतनु संदल ने बताया कि वह इस रामलीला की दूसरी पीढ़ी हैं। उनके स्वर्गीय पिता रामलीला में पूरे समर्पण के साथ अपना योगदान देते थे। अब उस परंपरा को वह आगे बढ़ा रहे हैं। महर्षि नगर रामलीला समिति से आए रामेंद्र सचान ने बताया कि इस बार उनका मुख्य आकर्षण देवी का दरबार होगा। कार्यक्रम की शुरुआत राम जन्म से होगी और पूरा मंचन अद्भुत आध्यात्मिक माहौल में दर्शकों को लुभाएगा। मंचन के दौरान व्यास रामायण की चौपाइयां पढ़ेंगे और उसी पर कलाकार जीवंत अभिनय करेंगे। अध्यक्ष व संरक्षक विपिन अग्रवाल ने कहा कि दिल्ली और आसपास के शहरों से भी बड़ी संख्या में लोग मंचन देखने आते हैं और इस बार क्षेत्रीय कलाकारों को भी मंच देने की योजना है।