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हौंसले थे, जिन्होंने उबारा है मुझे

Yunush khan

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            तेरे लिए , सब कुछ गंवारा है मुझे।
        
                                                    
                            
तेरा साया भी, एक सहारा है मुझे।।

ना ख़ुदा डुबाने पर उतरा था,मगर।
हौंसले थे, जिन्होंने उबारा है मुझे।।
-यूनुस खान
एक महीने पहले
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