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हमारी हर कठिन राह के हमसफ़र रहिए

Vikash Tripathi

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जीवन का सच हमें बतलाया,
        
                                                    
                            
कठिन राहों पर चलना सिखाया।
गिरते कदमों को थामकर आपने,
हर मुश्किल में हौसला बढ़ाया।

जब भी अँधियारा घिरकर आया,
ज्ञान का दीप आपने जलाया।
भटके जब हम राहों में कभी,
सही रास्ता आपने दिखाया।

जो कुछ भी सीखा, आपसे सीखा,
जीने का हर ढंग आपसे सीखा।
ज्ञान दिया और संस्कार दिए,
इंसान बनना भी आपसे सीखा।

हमारी हर कठिन राह के हमसफ़र रहिए,
यूँ ही अपना आशीष हम पर रखिए।
आपने जो विश्वास हमारे मन में जगाया,
उस विश्वास ने जीवन को बेहतर बनाया।

नादान परिंदों को बाज़ बनाया,
झुके हुए पंखों में परवाज़ जगाया।
गुरुवर, आपका ऋण कैसे चुकाएँ—
आपने ही हमें उड़ना सिखाया।

शिक्षक दिवस पर शत-शत नमन,
आपने ही हमारा जीवन बनाया। 
— विकास त्रिपाठी “विक्की”
9 घंटे पहले
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