बहर रमल मुसद्दस महजूफ़
फाइलातुन फाइलातुन फाइलुन
2122 2122 212
दिल का मेरे यू खसारा हो गया
तन्हा सा अब दिल हमारा हो गया।।
वो लबालब प्यार से यू भर गया
अपनो से जो बेसहारा हो गया।।
रूह पर था नाज जिसको हर घडी
आज अल्ला को वो प्यारा हो गया।।
मिल गई नजरें उन्हीं से जब कहीं
देख पागल दिल हमारा हो गया।।
प्यार के अंदाज सीखो तुम सहर
जो हमारा था तुम्हारा हो गया।।
~शिवसागर"सहर"
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