भारत भाग्य विधाता हैं हम,
बढ़ते सदा ही आगे ।
हार कभी ना मानें हम,
मुश्किलें हमसे डर भागें।।
देश की सेवा में तत्पर हम,
देश पर हम मरते हैं ।
मिलते जो भी दुःखी बटोही,
उनके दुःख को हरते हैं।।
पीछे पग ना हटेगा अपना,
हम सदा रहेंगे आगे।
फौलादी चट्टान बने हम,
दुश्मन डर कर भागे ।।
हम भारत के वीर सिपाही,
चलते सीना ताने ।
आँच ना आने देंगे कोई,
हम सब मन में ठानें।।
परोपकार व दया भावना,
दिल में अपने जागे,
हम भारत के बालवीर,
सदा रहेंगे आगे ।।