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आजादी किस काम की

Sandeep Singh

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            आजादी किस काम की है
        
                                                    
                            
जहां पंख ना अपने सको पसार
पहुंच सको ना मंजिल पर
बस मन ही कर पाओ तैयार
रहे ख्वाब बस ख्वाब बना
वह नहीं कभी पूरा हो पाय
रहे तमन्ना दिल में जो बस
नहीं धरातल पर खिल पाय
अपने मन की सोच सको ना
पर मन ही हावी हो जाए
लगे दौड़ बस उसी दिशा में
जिसका अंत समझ ना आय
कैसे पढ़ोगे कहां बढ़ोगे
इसका नहीं तुम्हें है ज्ञान
यही विरोधाभास कुँवर को
करता है प्रतिफल हैरान
समझ नहीं पाए हो खुद को
औरों की ही नकल व दौड़
कब तुम्हें सही समझ आएगी
कब तुम बन पाओगे प्रौढ़
यही है चिंता सदा कुँवर की
करती रहे उसे बेचैन
जब तक तुम ना संभल सकोगे
कैसे उसको मिलेगा चैन
ना है हमारी न है तुम्हारी
राष्ट्र की चिंता है दिन रैन
जीतना चाहते जंग अगर हो
धार को अपने कर लो पैन
मात बहको ऐसी लालच में
जो दे बस कुछ दिन का साथ
और कुछ दिन में छोड़ दो तुमको
होने लगे दुख की बरसात
वही सही है आजादी जो
चिंता से कर दे आजाद
रहे सुकून भरा जीवन में
अपने पराये सब आजाद
अमर शहीदों ने जीता था
आजादी की जग कठोर
मत जिंदा रहने दो अब तुम
किसी गुलामी किसी ठौ
पढ़ो लिख लो समझ बना लो
जीवन चले तुम्हारी चाह
रहे खुशी की बौछारें ही
ना आने पे कभी आह
केंद्रीय ऐसे बन जाओ तुम
हिंदुस्तान में हो पहचान
बढ़ा सके केंद्रीय विद्यालय
अपने तिरंगे का सम्मान
पढ़ो लिखो व समझ बना लो
जीवन चले तुम्हारी चाह
रहे खुशी की बौछारें ही
ना आने पे कभी आह!
केंद्रीय ऐसे बन जाओ तुम
हिंदुस्तान में हो पहचान
बढ़ा सके केंद्रीय विद्यालय
अपने तिरंगे का सम्मान
कूच बिहार ही राष्ट्र विहार हो
तेरे कदमों को हो छाप
जहां जाओ तारीफ तुम्हारी
ऐसे खास बन जाओ आप
मर्यादा का ध्यान रखो और
रखो सदा अपना सम्मान
कभी ना ऐसा काम करो
औरों में घट जाए सम्मान
अपनों को अपना ही मानो
घर परिवार या देश की बात
रखो आत्म सम्मान सुसज्जित
औरों को दो यही सौगात
मत भटको रास्ते से कभी भी
भटक जाओ तो लोटो शीघ्र
तुम्हें मिले खुशियों का मेला
यही कुंवर की ख्वाहिश शीघ्र
आजादी हेतु दिल से मुबारक
लुटा रहा हूं मैं पुरजोर
केवी बीएसएफ गांधीनगर का
मचा दो पूरे जग में शोर
-कुँवर संदीप सिंह
2 महीने पहले
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