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कहीं बाढ़ बनकर सब कुछ बहा ले जाएगा

Rajani Shakyawar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            प्रलय का स्रोत हमेशा पानी ही होगा,
        
                                                    
                            
चाहे नदी में उफान मारे,
या किसी की आँखों में बहता हो।

कहीं बाढ़ बनकर सब कुछ बहा ले जाएगा,
कहीं आँसू बनकर
मन का सारा दर्द कह जाएगा।

पानी का स्वभाव है बहना,
पर जब हद से गुजर जाए,
तो शांत दिखने वाला पानी भी
प्रलय बन जाता है।
— रजनी
एक महीने पहले
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