1983 की कहानी बस दोहरा दो,
भारत को विश्वकप चैंपियन बना दो।
2003 की कहानी से सावधान रहना,
वह कहानी फिर नहीं यह दोहराना।।
लॉर्ड्स में कपिल देव ने पीटा था,
शनिवार 1983 में वेस्टइंडीज को।
इस बार मैदान अपना वानखेड़े,
शनिवार है, मौका भी है, धो दो श्रीलंका को।।
मोटेरा में धोया, मोहाली में धोया,
मौका है मुंबई में श्रीलंका को धोओ।
ग्रह नक्षत्र सब बोल रहे हैं पक्ष में,
इस बार भारत को विश्वकप दिलाओ।।
जन गण मन की चाहत है विजयी भव,
ग्रह, नक्षत्र सब बोल रहे विजयी भव।
दे घुमा के , दे दना दन,
सबकी इच्छा, विजयी भव, विजयी भव।।
पहुंचो विश्व शिखर पर,
हर जन की है चाहत।
बिन लंका गए ही,
कर लो लंका दहन, लंका दहन।।
दिला दो इस बार भारत को,
अमृततुल्य अतुल्य विश्वकप।
पूरा देश पाने को आतुर है,
वापस ला दो कपिल का विश्व कप।।
देश को भरोसा है तुम पर,
20 ~ 20 में बने हो विश्व चैंपियन।
देश को नाज़ है तुम पर,
बन जाओ बस! विश्व चैंपियन।।
तुम्हारी विजय के लिए सब,
तरह तरह से मन्नतें कर रहे है।
संजय जहां लेट गए कांटो पर,
स्वर सामग्री उपवास रख रही है।।
लाहौर में ऑस्ट्रेलिया को हरा,
जो विश्व कप श्रीलंका लाए।
वानखेड़े में अब भारत को हरा,
विश्वकप वापस श्रीलंका ले आए।।
वरवाडोस में किस्मत साथ नहीं दिया,
ऑस्ट्रेलिया से तुम वहां हार गए।
यहां पर भारत से सावधान रहना,
घर उनका, दर्शक उनके,
माहौल नहीं अनुकूल तुम्हारे लिए।।
दोनों की ताकत है बराबर,
थोड़ा दम और लगाना होगा।
मुरली के आखिरी इस मैच में,
उनको विजयी तोहफा देना होगा।।
श्रीलंका को क्रिकेट जगत में,
नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है।
दो एशियाई पहली बार मिले,
फाइनल में विजयी होना है।।
ग्रह नक्षत्र विपरीत तुम्हारे,
पर हौसला नहीं गँवाना है।
चाहे कुछ भी हो जाए,
यह विश्व कप जीता लाना है।।