विश्व को दिशा-निर्देश देने वाली मां
तुझे प्रणाम जगत जननी मां
दुख हरणी, खुख दायिनी मां
मंगल कामिनी, सर्व दुख हरिणी मां
राक्षकों, दुख दायक मानवों नाश करणी मां
तुझे प्रणाम जगत जननी मां
नौं रुप धारिणी, नवरात्र में पधारती मां
प्रथम दिवस शैल पुत्री, जो मां पार्वती का रुप है मां
द्वितीय रुप ब्रम्हचारिणी रुप, ब्रह्मांड की र
तपस्या और सदाचार की मार्ग दिखाती मां
तितृय रुप चन्द्रघंटा मां वीरता का स्वरुप दिखाती
चतुर्थ मां कूष्माण्डा ब्रह्मांड की रचना करने वाली मां
पंचम रुप स्कंध मां कार्तिकेय की माता
वात्सल्य की प्रतिमृति मां
षष्ठ रुप कात्यायनी महिषासुर की वध करने मां
समप्तं रुप कालरात्रि अंधकार को दूर करने वाली मां
अष्ठम रुप महागौरी पवित्रा और शांत स्वरुप मां
नवम्बर रुप सिध्दरात्री मंत्रों को सिध्द करने वाली मां
आगमन का स्वागत है मां
सबको सुख- शांति देना मां
जगत जननी मां तुझे प्रणाम
- भागवत प्रसाद नायक