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हुस्न की बस्ती

Naik prasad

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            हुस्न की बस्ती में भंलवश पहुंच गया
        
                                                    
                            
खुदा ने चुन-चुन कर ऐसे अवयव लगाएं हैं
फिदा हो गये है हसीनाओं के जिस्मों पर
खुदा माफ करे, अपनी जान कुर्बान कर देगें
हुस्न पनाह लरजती जवानी पर
3 महीने पहले
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