फूल खुशबू बिखरते हुए अच्छे लगते है।
इंसान हंसते-हंसाते हुए अच्छे लगते हैं।
चेहरे पर हंसी खूब फबते है।
चलो, अब हम निराश को दूर जाने को कहते है।
-ममता तिवारी