विज्ञापन

कमाल हम भी करेंगे वो साल आने दो

Iqbal mehdi

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            कमाल हम भी करेंगे वो साल आने दो। ज़रा सा हुस्न पर उनके जवाल आने दो।
        
                                                    
                            

हम जानते हैं आपका हुनर लेकिन । अभी जवाब न भेजो सवाल आने दो।।

हमें भी नाज़ है खुद पर कि माफ़ कर देंगे।
बस उनके चेहरे पर थोड़ा मलाल आने दो।।

अभी देखी ही कहां है इस सब्र की ताक़त।
अगर जो आता है उनको जलाल आने दो ।।


ये माल ऐ दुनियां तुम्हीं को बहुत मुबारक हो।
मेरे दरवाजे पर रिस्क ऐ हलाल आने दो ।।

मिला है क्या हमें एक रोज़ हम दिखा देंगे।
ज़रा"मेंहदी"की क़लम में कमाल आने दो ।।
एक घंटा पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

Shivam Awasthi

3 कविताएं

View Profile