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हर घर तिरंगा

Indira Kumari

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            लहर तिरंगा आसमान में
        
                                                    
                            
बलिदान का ऋण चुका रहा
लहर  लहर वो पवन गति संग
कथा विजय की सुना रहा
लहर तिरंगा आसमान में
बलिदान का ऋण चुका रहा।

हरा धवल संग केसरिया रंग
चक संग यूं घूम रहा
कर शक्ति प्रदर्शन सच्चाई संग
समृद्धि  का मार्ग वो चूम रहा
लहर तिरंगा आसमान में
बलिदान का ऋण चुका रहा।

त्याग की यह मिसाल तिरंगा
संसार को दर्शा रहा
सत्य में है शक्ति विजय की
अमृत वाणी बरसा रहा
लहर तिरंगा आसमान में
बलिदान का ऋण चुका रहा।

आजादी का यह साल 79वां
उत्सव हिन्द मना रहा
चला वतन ले हाथ तिरंगा
यह महोत्सव अमृत मना रहा
लहर तिरंगा आसमान में
बलिदान का ऋण चुका रहा।
 
8 घंटे पहले
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