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तेरी सूरत देखता हूं

Dn Chaubey

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            तेरे हुस्न की तारीफ शब्दों, अल्फाजों में नहीं होती है ,
        
                                                    
                            
तेरी खूबसूरती को शब्दों, अल्फाजों में बांधा मुश्किल है सनम,
जब भी मैं तेरी आंखों,सूरत देखता हूं, अल्फाज खुद प खुद जुबान से निकल जाते हैं,
2 घंटे पहले
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