भटक गये सब राम भक्त अब
इन को तुम सद राह दिखाओ
देख खजाना ये राम राज का
हुए बिलासी इन्हें राह बताओ .
राम धनुष धारण कर अपना
छोड़ अयोध्या बाहर आओ.
भक्तों का मन बोल रहा है
भक्ति से तन डोल रहा है
कष्ट भोगती प्रजा तुम्हारी
धोखा देती सत्ता ये सारी
प्रत्यंचा पर धनुष चढ़ाओ
राम निकलकर बाहर आओ.
-दिनेश चौहान