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हमारे रचानात्मक कर्म में हैं भगवान।

Ankit Kumar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            बहुत खोजा मिले नहीं भगवान
        
                                                    
                            
एक नेक इंसान ही है भगवान
एक स्वच्छ स्थान ही है भगवान
एक उपकार के काम में हैं भगवान
स्वदेश प्यार में हैं भगवान
हमारे सकारात्मक सोच में हैं भगवान
हमारे रचानात्मक कर्म में हैं भगवान।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
एक दिन पहले
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