जब तक साथ है हर गुस्ताखी कर लो
रूठो मनाओ माफी कर लो
मेरे प्यार के सागर से अपना ये पल्लू भर लो
मेरे खुशी का वस्ता ना सही अपने अरमानों को पूरा कर लो
अभी है मेरा साया साथ खेलो अम्बर को धर लो
अभी है तुम पर मरने वाला चाहो तो अरमां कर लो
हमने दिया तुमहे सब कुछ क्या हक है मेरे पर लो
मैं छोड़ चला अब ये दुनिया तुम सब कुछ मेरा रख लो
कहती थी मर जाऊँगी तुम बिन चाहोतो रुख कर लो
जीना मरना है तुमको अर्पन गर चाहो तो जीवन जी लो
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