विज्ञापन

भवानीप्रसाद मिश्र: इतने बहुत-से वसंत का क्या होगा

काव्य डेस्क

Kavita
विज्ञापन
                                    
                                                                        
                            

इतने बहुत-से वसंत का


क्या होगा

मेरा पास एक फूल है
इन रोज़-रोज़ के
तमाम सुखों का क्या होगा
मेरे पास एक भूल है
सदा की अछूती और टटकी
और मनहरण

पैताने बैठा है जिसके
जीवन
सिराहने बैठा है जिसके
मरण!

 
एक वर्ष पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all