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Nigaah Shayari: फ़क़त निगाह से होता है फ़ैसला दिल का 

आज का शब्द
                
                                                         
                            फ़क़त निगाह से होता है फ़ैसला दिल का 
                                                                 
                            
न हो निगाह में शोख़ी तो दिलबरी क्या है 
- अल्लामा इक़बाल

ख़ुदा बचाए तिरी मस्त मस्त आँखों से 
फ़रिश्ता हो तो बहक जाए आदमी क्या है 
- ख़ुमार बाराबंकवी

अदा से देख लो जाता रहे गिला दिल का 
बस इक निगाह पे ठहरा है फ़ैसला दिल का 
- अरशद अली ख़ान क़लक़ आगे पढ़ें

4 वर्ष पहले

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