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आज का शब्द: रौरव और माखनलाल चतुर्वेदी की कविता 'बलि-पंथी से'

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हिंदी हैं हम शब्द-शृंखला में आज का शब्द है - रौरव जिसका अर्थ है 1. भयंकर 2. धूर्त 3. एक भीषण नरक। कवि माखनलाल चतुर्वेदी ने अपनी कविता में इस शब्द का प्रयोग किया है। 

मत व्यर्थ पुकारे शूल-शूल,
कह फूल-फूल, सह फूल-फूल।
हरि को ही-तल में बंद किये,
केहरि से कह नख हूल-हूल।

कागों का सुन कर्तव्य-राग,
कोकिल-काकलि को भूल-भूल।
सुरपुर ठुकरा, आराध्य कहे,
तो चल रौरव के कूल-कूल।

भूखंड बिछा, आकाश ओढ़,
नयनोदक ले, मोदक प्रहार,
ब्रह्मांड हथेली पर उछाल,
अपने जीवन-धन को निहार।

एक वर्ष पहले

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