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बरसात की चांदनी रात

                
                                                         
                            हो चुका बारिश का अवसान
                                                                 
                            
छंट गया बादलों का अंबार
निकल आया क्षितिज पर चांद
बिखेरता अपनी शुभ्र ज्योत्सना
अठखेलिया करता चांद बादलों से
मानो गोरे मुख पर लहराते बाल
आसमान में तैरते काले-धूसर मेघ
जिससे छिटकती-छुपती चांदनी।
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3 महीने पहले

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