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निगाहों का इकरार

                
                                                         
                            तुमने लाख झुठलाया प्यार मेरा मगर,
                                                                 
                            
निगाहों का इकरार हमेशा याद रहेगा।

लबों ने चाहे हर बार इंकार किया हो,
आँखों का हर ऐतबार हमेशा याद रहेगा।

तुम वक़्त के साथ मुझे भूल भी जाओ,
मगर मेरा इंतज़ार हमेशा याद रहेगा।

जिस मोड़ पर पहली बार नज़रें मिली थीं,
वो ख़ामोश-सा प्यार हमेशा याद रहेगा।

न कोई वादा था, न कोई कसम थी,
फिर भी दिल का वो करार हमेशा याद रहेगा।

मोहब्बत की कहानी अधूरी ही सही,
उसका हर एक किरदार हमेशा याद रहेगा।

तुम मेरी तक़दीर बने या न बने,
तुम्हारी निगाहों का इकरार हमेशा याद रहेगा।
— विकास त्रिपाठी "विक्की"
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3 महीने पहले

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