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कहीं ज़माना छीन न ले मुझसे तुम्हें,

                
                                                         
                            कहीं ज़माना छीन न ले मुझसे तुम्हें,
                                                                 
                            
मेरे इश्क़ को अपने सीने में छिपाए रखना।
दुनिया लाख सवाल उठाए मोहब्बत पर,
तुम बस अपनी निगाहों में मुझे सजाए रखना।

जब भी तन्हाई तेरे दर पर दस्तक दे,
मेरी यादों का दिया तुम जला देना।
अगर कभी भीग जाएँ पलकों के किनारे,
मेरा नाम लेकर बस मुस्कुरा देना।

हर दुआ में तेरा ही ज़िक्र रहेगा,
चाहे किस्मत कोई फ़ैसला लिख दे।
तू मेरी रहे या किसी और की हो जाए,
दिल तुझे अपना ही रास्ता लिख दे।

कहीं ज़माना छीन न ले मुझसे तुम्हें,
मेरे इश्क़ को अपने सीने में छिपाए रखना।
दुनिया लाख सवाल उठाए मोहब्बत पर,
तुम बस अपनी निगाहों में मुझे सजाए रखना।
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2 महीने पहले

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