हमने दर्द छुपाया तो लोग अनजान हो गए,
हम ज़रा मुस्कुराए तो सब आसान हो गए।
किसे सुनाते अपने दिल की दास्ताँ,
यहाँ अपने ही सुनकर परेशान हो गए।
- विजय बिंदास राजा
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