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आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

                
                                                         
                            साँसे क्यों उमर मांगरी है मेरी
                                                                 
                            
तेरी राहों में नजरे क्यों नजर ताकरी है मेरी
आज के बाद मं लोट के भी नहीं लौटूंगा
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

तुझे सब्र करना आ गया
मं भी मुस्कराना सिख लूंगा
ये तेरी ज़िदे दूर कर रही है
अब मं भी रोकना छोड़ दूंगा

शायद तेरे इरादे भर चुके है
या फिर दिल ने देखना बंद कर दिया
अब ये कलियाँ कही ओर खिलेंगी तेरी
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

तू काफी हैं तू काफ़िर ना बन
तू दुनिया है तू दुनिया ना बन
ये जिदें जानलेवा है तेरी
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

तेरे बाद मेरा कोई रास्ता नहीं
तेरा सिवा मेरा किसी से वास्ता नहीं
हिदायते सलामी मांग रही है तेरी
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

बस तेरे देखने तक की कमी है
फिर मं इंतजार करना भी बंद कर दूँगा
जो तुम्हे तकलीफ हो कुछ लिखने से मेरी
फिर मं लिखना भी बन्द कर दूंगा

नाराज हैं तो नजरे झुका यू मुंह ना फेर
अब तू जिद छोड़ ओर घर बना यूं जिंद से ना खेल
ये भरी हुई आंखे देख ये माफ़ी मांगरी है मेरी
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी

तू फूल बना था तू कांटे ना बन
तू पल बना था तू यादें ना बन
हाथों के साथ कलम कांपरी है मेरी
आज की ये कोशिश आखिरी है मेरी
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2 महीने पहले

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