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बुरे हालातो का क्या करूं l

                
                                                         
                            मैं अपने इन बुरे हालातो का क्या करूं?
                                                                 
                            
दिन तो गुजर जाता है ,इन रातों का क्या करूं?

तर्क-ए- शायरी तो मैं कब का कर चुका होता,
मगर दिल में उठते इन जज्बातों का क्या करूं?
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2 महीने पहले

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