सच में ,
इस जिंदगी की - -
हकीकत ,
कुछ बताना है - -
मुझको ,
कैसे कहे कि ?
यह जिंदगी हमे - -
क्या - क्या ?
देती है - -
या यों कि ,
ये जिंदगी हमे - -
वरदान स्वरूप में,
कुछ न कुछ - -
जरूर ही,
दिया ही है - -
फिर भी,
कभी - कभी - -
किसको,
सबसे भरोसेमंद - -
समझते हैं,
वही - -
दगा करने से,
वाज नहीं आते हैं l
और तो,
और बात - -
जिन्हें अपने जिंदगी में ,
सबसे ज्यादा - -
स्थान देते हैं,
या यों कहे - -
तरजीह देते हैं ,
उन्हीं से से - -
विछुड़ने या,
दूर रहने का,
सजा - -
भुगतना परता है l
ऐसा भी,
नहीं है कि - -
विछुड़न या,
जुदाई - -
जीता नहीं है,
जीता तो है - -
लकिन,
विछुड़न की - -
आग में,
तिल - तिल - -
जलता रहता है,
या यों कहे तो - -
गलत ,
साबित नहीं होगा कि - -
मिलकर,
बिछड़ने वाला - -
शख्स,
जिंदगी भर - -
बहुत याद आता है l
-सुरेश कुमार झा 'अल्हर'
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