धड़ से मनुष्य और सिर हाथी का होने के नाते लगते हैं ऊपर से बिल्कुल हाथी जी,
नन्हे गणेश बड़ों के संग बड़े जैसा और बच्चों के संग व्यवहार करते हैं जैसे हो उनके साथी जी,
किंतु जरा सोचो भगवान शंकर के अति क्रोध में आकर उनका सिर काटने के,
ठीक पहले कैसा था उनका चेहरा, चेहरे की बनावट और कैसी उनके चेहरे की आभा थी जी|
-मनस्व
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