काश तूने कुछ इस तरह
मेरा भाग्य लिखा होता,
अनंत धन एवं शक्ति से
मेरा थैला भरा होता,
यह विश्व यह समाज मेरे मित्र
मेरे समक्ष नतमस्तक रहते,
और मैं झोला उठाए फक़ीर सा
युगों- युगों पूज्य होता.
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