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बिछड़ने का इरादा

                
                                                         
                            बिछड़ने का इरादा
                                                                 
                            

बिछड़ने का इरादा है उसका,
मगर वह ज़ाहिर नहीं करता,
सीधे कह दे कि जाना है,
इतनी हिम्मत भी नहीं करता।

वह कम बात करता है,
दूरी बढ़ाता जाता है,
ऐसे हालात बनाता है
कि मैं ही उससे दूर हो जाऊँ।

शायद वह चाहता है
कि फैसला मेरे नाम हो जाए,
वह निर्दोष बना रहे
और रिश्ता भी खत्म हो जाए।

मगर उसे क्या पता,
खामोशी भी बहुत कुछ कहती है,
जो बात होंठ नहीं कहते,
वह बदलती हुई दूरी कह देती है।
— रजनी
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46 मिनट पहले

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