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पोवारी भाषा को आश्चर्यजनक विकास

                
                                                         
                            पोवारी भाषा रफ्तार लक चलीं।
                                                                 
                            
पोवारी भाषा विस्तार करत चलीं।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

पोवारी भाषा अलंकृत होत चलीं।
पोवारी भाषा श्रृंगारित होत चलीं।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

मातृभाषा साहित्य मा ढलत चली।
मातृभाषा भावों मा उतरत चलीं।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

मातृभाषा सौंदर्य बढ़ावत चलीं।
मातृभाषा वैभव बढ़ावत चलीं।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

मातृभाषा प्रतिष्ठा बढ़ावत चलीं।
आपली लोकप्रियता बढ़ावत चलीं।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला ,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

मातृभाषा नवा सिद्धांत देत चली।
मातृभाषा संकल्पनाएं देत चली।
आश्चर्यचकित भया देखनेवाला,
मातृभाषा ऊंची उड़ान लेत चलीं।।

-ओ सी पटले
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एक महीने पहले

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