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पुलवामा हमला

                
                                                         
                            वो शाम कुछ झकझोर करने वाली थी
                                                                 
                            
ये वही शाम थी जो दिल को तोड़ करने वाली थी,
जवानों की एक टोली बस में बैठी थी सवार
और जवानों पर नज़र लगाये बैठा था वहीं एक आतंकी हमलावार
मस्ती भरे पलों में हिन्दुस्तानी जवान वो गाना गुनगुनाये होंगे
सफ़र लम्बा रहा होगा तो जवानों ने अपने प्यार के किस्से एक दूसरे को सुनाये होंगे
किसे पता था कि ये सफ़र यहीं ही खत्म हो जायेगा
और इन शहीदों का कतरा कतरा हिंदुस्तान को रुलाएगा
बस में बैठा था वो जवान
जिसकी अभी ही बेटी ने दुनिया में कदम रखा था
यह वही बेटी है साहब
जिसने अपने पिता का चेहरा अभी तक नहीं देखा था
वहीं बस की पीछे वाली सीट पर
एक और जवान बैठा था
नयी नवेली शादी हुई थी साहेब
पहला वैलेंटाइन भी साथ ना मना पाए
इसलिए शायद वो हालातों से थोड़ा बहुत रूठा था
वहीं बस की तीसरी खिड़की पर एक बाप भी रहा होगा
जो शायद अपने परिवार के बारे में सोच रहा होगा
मस्ती भरे माहोल में गुनगुनाये वो गीत होंगे
देश की रक्षा के लिए एक नयी जगह जा रहे हैं
ऐसा वह सोच रहे होंगे
किसे पता था ये शाम यही थर जायेगी
जवानों की मौत की खबर सुनकर सबकी आँखे आंसुओं से भर जायेगी
दरिन्दे की नजर इस टोली पर यूं पड़ी
आतंकी हमला कर खुद मर गया और ये टोली में जवानों के अंश
और बस पूरी जमीन पर गिरी
ना जानेका कैसी थी वो पुलवामा की वो शाम
जो हुई हमारे शहीदों के नाम
धमाका इतना जोर का रहा होगा
की आस पास दहशत हुई होगी
अपने लालों को यूँ मरते देख
माँ भारती भी रोई होगी
शाम वो ऐसी थी
मत पूछो साहेब कैसी थी
रुला दिया था माँ भारती के इन 40 बेटों ने पूरे हिंदुस्तान को
देश की रक्षा इस कदर, कैसे भूले इस बलिदान को
खबरों में अचानक से पुलावामा था छाया हुआ
क्योंकि माँ भारती ने देश के 40 बेटों को पुलवामा में मृत पाया
खबर सुनकर हर हिन्दुस्तानी का दिल टुकड़ों टुकड़ों में बेहोश हुआ
आतंकियों की इस वारदात से फिर पड़ोसी मुल्क पर अफ़सोस सा हुआ
ऐ नफ़रत करने वाले दरिंदो
कैसे तुम नाबाक पैदा होते हो
क्यों करते हो ये सब हरकतें
क्या तुम नहीं किसी अपने को खोते हो
अब चुप नहीं बैठेगा हर हिन्दुस्तानी
कब तक पडोसी करते रहेंगे अपनी मनमानी
अंत में कलम को यही दूंगी मै विराम
अमर था,अमर है और अमर रहेगा हिंदुस्तान का हर जवान

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2 वर्ष पहले

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