जय जय माँ मातंगी भक्ति में शक्ति है।
सच माँ मातंगी की भक्ति हम करते हैं।
हां सच ज़िंदगी में हर भक्त ही होता हैं।
माँ मातंगी साधना हम सब जानते हैं।
सनातन में माँ मातंगी दस महाविद्या हैं।
माँ सरस्वती का मातंगी का सहयोग हैं।
माँ मातंगी का स्वरूप ही सच कहता हैं।
नीरज शब्दों मां मातंगी कविता लिखते हैं।
सच रंग श्याम हरा श्यामल राजमातंगी हैं।
विद्या और कला की देवी हम सब पूजते हैं।
हम गायक वादक लेखक कलाकार संग हैं।
जय माँ वाणी और कला को सिद्ध करती हैं।
हां हम मां मातंगी वाणी सिद्धि को मनाते है।
आओ हम सब मां मातंगी वर्णनन करते हैं।
-नीरज कुमार अग्रवाल
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