अमर उजाला पाठक पढ़ते हैं।
सच और सही खबर पढ़ते हैं।
हम सभी अमर उजाला पढ़ते हैं।
नीरज कविता N Manglam हैं।
हम सब समूह में शामिल होते हैं।
गांव शहर में पाठक बन जुड़ते हैं।
हम सब अमर उजाला ही पढ़ते हैं।
सबकी आवाज और लेख होते हैं।
हम सबका साथ अमर उजाला है।
आओ हम अमर उजाला पढ़ते हैं।
-नीरज कुमार अग्रवाल
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