दिल जब से टूटा -टूटा है,
लोग बहुत पूछते हैं,
किस्मत हमसे रूठा -रूठा है,
लोग बहुत पूछते हैं।
कभी खुशियों ने लूटा
कभी गमों ने लूटा
जबसे ये लूटा -लूटा है
लोग बहुत पूछते हैं।
वो इतनी दूर चली गई कि
हमसे तन्हाई छिन गई
लगे सब झूठा -झूठा है
लोग बहुत पूछते हैं।
बसंत बिखरी -बिखरी है,
बहार जली -जली सी है,
सावन जबसे सूखा- सूखा है
लोग बहुत पूछते हैं।
दिल जब आबाद रहा
लोगों में बड़ी चुभन थी
जबसे दर्द उठा -उठा है
लोग बहुत पूछते हैं।।
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